Posted inStories / Kahaniya

शुक्रवार व्रत कथा Friday Shukravar Vrat Katha in Hindi

शुक्रवार व्रत करने की विधि इस व्रत को करने वाले कथा के पूर्व कलश को पूर्ण भरे, उसके ऊपर गुड़ व चने से भरी कटोरी रखे, कथा कहते व सुनते समय हाथ मे भुने चने व गुड़ रखे सुनने वाले ‘सन्तोषी माता की जय’ इस प्रकार जय-जयकार से बोलते जाएँ। कथा समाप्त हीने पर हाथ […]

Posted inAarti Sangrah

शुक्रवार व्रत की आरती Friday Shukrawar Aarti in Hindi Lyrics

शुक्रवार व्रत की आरती आरती लक्ष्मण बालजती की, असुर संहारन प्राणपति की। आरती… जगमग ज्योति अवधपुर राजे, शेषाचल पै आप विराजे। आरती… घण्टा ताल पखावज बाजे, कोटि देव मुनि आरती साजे। आरती… किरीट मुकुट कर धनुष विराजे, तीन लोक जाकी शोभा राजे। आरती… कंचन थार कपूर सुहाई, आरती करत सुमित्रा माई। आरती… आरती कीजे हरि […]

Posted inVrat Kathayen

बृहस्पतिवार व्रत कथा पूजा विधि Thursday Vrat Katha in Hindi

बृहस्पतिवार व्रत पूजा विधि इस दिन बृहस्पतेश्वर महादेव जी की पूजा होती है। दिन मे एक समय ही भोजन करें। पीले वस्त्र धारण करें। भोजन भी चने की दाल का होना चाहिए, नमक नहीं खाना चाहिए। पीले रंग के फुल, चने की दाल, पीले कपड़े तथा पीले चन्दन से पूजा करनी चाहिए। पूजन के पश्चात् […]

Posted inAarti Sangrah

बृहस्पतिवार व्रत की आरती Thursday Brihaspativar Ki Aarti Lyrics in Hindi

बृहस्पतिवार व्रत की आरती ॐ जय बृहस्पति देवा, जय बृहस्पति देवा। छिन छिन भोग लगाऊँ फल मेवा। ॐ जय … तुम पूरण परमात्मा तुम अन्तर्यामी। जगत पिता जगदीश्वर तुम सबके स्वामी। ॐ जय … चरणामृत निज निर्मल, सब पालकहर्ता। सकल मनोरथ दायक, कृपा करो भर्ता। ॐ जय … तन मन धन अर्पण कर जो जन […]

Posted inVrat Kathayen

बुधवार व्रत कथा पूजा विधि Wednesday Budhwar Vrat Katha in Hindi

बुधवार व्रत पूजा विधि ग्रह शान्ति तथा सर्व-सुखो की इच्छा रखने वालो को बुधवार का व्रत करना चाहिए । इस व्रत मे रात दिन में एक बार भोजन ही करना चाहिए । इस व्रत के समय हरी वस्तुओ का उपयोग करना श्रेष्ठ है। इस व्रत के अंत मे शंकर जी की पूजा धुप, बेल-पत्र आदि […]

Posted inAarti Sangrah

बुधवार की आरती Wednesday Budhwar Aarti in Hindi Lyrics

बुधवार की आरती आरती युगल किशोर की कीजै, तन मन धन न्यौछावर कीजै। आरती… गौर श्याम मुख निरखत रीझे, हरि को स्वरूप नयन भरि पीजै। आरती… रवि शशि कोटि बदन की शोभा, ताहि निरखि मेरा मन लोभा। आरती… ओढे नील पीत पट सारी, कुंज बिहारी गिरवर धारी। आरती… फूलन की सेज फूलन की माला, रत्न […]

Posted inAarti Sangrah

श्री हनुमान जी की आरती Shri Hanuman Ji Ki Aarti Lyrics in Hindi

आरती श्री बजरंगबली आरती कीजै हनुमान लला की। दुष्टदलन रघुनाथ कला की।। जाके बल से गिरिवर काँपै। रोग-दोष जाके निकट न झाँपे।। अंजनि पुत्र महा बलदाई। संतन के प्रभु सदा सहाई।। दे बीरा रघुनाथ पठाये। लंका जारि सीया सुधि लाये।। लंका सो कोट समुद्र सी खाई। जात पवनसुत बार न लाई।। लंका जारि असुर संहारे। […]

Posted inVrat Kathayen

मंगलवार व्रत कथा Tuesday Mangalwar Vrat Katha in Hindi

मंगलवार व्रत कथा प्रारम्भ एक ब्राह्मण दम्पति के कोई सन्तान नही थी, जिसके कारण पति-पत्नि दुःखी थे। वह ब्राह्मण हनुमान जी की पुजा हेतु वन चला गया। वह पुजा के साथ महावीर जी से एक पुत्र की प्राप्ति के लिए कामना करने प्रकट किया करता था। घर पर उसकी पत्नि मंगलवार व्रत पुत्र प्राप्ति के […]

Posted inVrat Kathayen

सोमवार व्रत कथा एवं पूजा विधि Monday Somvar Vrat Katha in Hindi

सोमवार व्रत कथा सोमवार व्रत पूजा विधि सोमवार का व्रत साधारणतया दिन के तीसरे पहर तक होता है। व्रत में फलाहार या पारायण का कोई खास नियम नहीं है किन्तु यह आवश्यक है कि दिन रात में केवल एक समय भोजन करें। सोमवार के व्रत में शिवजी पार्वती का पूजन करना चाहिए। सोमवार के व्रत […]

Posted inVrat Kathayen

करवा चौथ व्रत कथा Karwa Chauth Vrat Katha in Hindi

श्री गणेशाय नमः करकं क्षीरसम्पूर्णा तोयपूर्णमथापि वा। ददामि रत्नसंयुक्तं चिरञ्जीवतु मे पतिः।। इति मन्त्रेण करकान्प्रदद्याद्विजसत्तमे। सुवासिनीभ्यो दद्याच्च आदद्यात्ताभ्य एववा।।। एवं व्रतंया कुरूते नारी सौभाग्य काम्यया। सौभाग्यं पुत्रपौत्रादि लभते सुस्थिरां श्रियम्।। पूजन विधि : कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को करवा चौथ अथवा करक-चतुर्थी के नाम से जाना जाता है। इस दिन सौभाग्यवती […]

error: Content is protected !!