Hindi Anmol Vachan Suvichar by Muni Pragyasagar

Hindi Anmol Vachan Suvichar by Muni Pragyasagar जितने अच्छे से आप दूसरों से, दूसरों की स्त्रियों से, दूसरों के माँ बाप से, दूसरों के बच्चों से बात करते है उतने[…]

Jain Muni Pragyasagar Anmol Vachan in Hindi

खिल सको तो फूल की तरह खिलो जल सको तो दीप की तरह जलो मिल सको तो दूध में पानी की तरह मिलो ढल सको तो धातु की तरह ढालो[…]